PM Modi Inaugurates Projects in Puducherry & Madurai; 8 Railway Stations in Tamil Nadu

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चेन्नई11 मिनट पहले

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज तमिलनाडु और पुडुचेरी जाएंगे। वह तमिलनाडु में आठ नए बने रेलवे स्टेशनों का उद्घाटन करेंगे। इसी के साथ चेन्नई बीच चेन्नई एग्मोर चौथी लाइन देश को समर्पित करेंगे। इस मौके पर पीएम वहां इकट्ठा हुए लोगों को संबोधित भी करेंगे।

पीएम सुबह करीब 11.45 बजे पुडुचेरी में 2,700 करोड़ रुपये से ज़्यादा के अलग-अलग डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन, राष्ट्र को समर्पित और आधारशिला रखेंगे। इसके बाद वह मदुरै में 4,400 करोड़ रुपये से ज़्यादा के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का भी उद्घाटन करेंगे।

NH-332A के मरक्कनम-पुडुचेरी सेक्शन और NH-87 के परमकुडी-रामनाथपुरम सेक्शन की फोर-लेनिंग का दोपहर करीब 3 बजे आधारशिला रखेंगे। पीएम कुंभकोणम, येरकॉड और वेल्लोर में तीन नए आकाशवाणी FM रिले ट्रांसमीटर का उद्घाटन भी करेंगे।

तिरुप्परनकुंद्रम में अरुलमिगु सुब्रमण्यस्वामी मंदिर में पूजा करेंगे PM

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने कार्यक्रमों के बाद शाम करीब 4 बजे, मोदी तिरुप्परनकुंद्रम में अरुलमिगु सुब्रमण्यस्वामी मंदिर जाएंगे और पूजा करेंगे। ये मंदिर मदुरै से करीब 8 किमी दूर है।

पिछले साल दिसंबर तिरुप्परनकुंद्रम मंदिर में पहाड़ी पर दरगाह के पास दीपस्तंभ (दीपथून) पर दीप जलाने को लेकर विवाद में आया था मंदिर।

दीपम जलाने की जगह को लेकर विवाद

तमिलनाडु के मदुरै से 10 किमी दूर दक्षिण में तिरुप्परनकुंड्रम शहर है। इसे भगवान मुरुगन के 6 निवास स्थानों में से एक माना जाता है। यहां की तिरुप्परनकुंड्रम पहाड़ी पर सुब्रमण्य स्वामी मंदिर है, जो छठी शताब्दी का माना जाता है।

पहाड़ी की सबसे ऊंची चोटी पर दीपस्तंभ है। मान्यता है कि इतिहास काल से ही तमिल महीने कार्तिगई की पूर्णिमा तिथि (नवंबर-दिसंबर के दौरान) को कार्तिगई दीपम पर्व के दौरान स्तंभ पर दीपक जलाया जाता जाता रहा है। 17वीं शताब्दी में पहाड़ी पर सिकंदर बधूषा दरगाह का निर्माण कराया गया था।

दरगाह से दीपस्तंभ करीब 15 मीटर की दूरी पर है। दरगाह के निर्माण के बाद वहां पर दीपक जलाने को लेकर मंदिर प्रशासन और दरगाह के बीच विवाद शुरू हुआ था। दरगाह प्रबंधन दावा करता है कि लंबे समय से मंदिर के पास उचि पिल्लैयार मंडपम के पास दीप जलाने की प्रथा रही है।

प्रो. मय्यप्पन (अन्नामलाई यूविवर्सिटी) के 1984 के एक रिसर्च के अनुसार, दीपस्तंभ की स्थापना 16वीं से 18वीं शताब्दी के बीच नायकर काल में हुई थी। इससे यह स्पष्ट होता है कि मामला भूमि स्वामित्व का नहीं, बल्कि मंदिर प्रशासन और धार्मिक प्रथा का है।

6 जनवरी को हाईकोर्ट ने निचली अदलात का दीप जलाने का फैसला बरकरार रखा

तमिलनाडु के मद्रास हाईकोर्ट की मदुरै बेंच ने 6 जनवरी को तिरुप्परनकुंड्रम मंदिर में पहाड़ी पर दरगाह के पास दीपस्तंभ (दीपथून) पर दीप जलाने की इजाजत दे दी है। जस्टिस जी जयचंद्रन और जस्टिस केके रामकृष्णन की बेंच ने जस्टिस जी.आर. स्वामीनाथन के सिंगल बेंच का फैसला बरकरार रखा।

कोर्ट ने कहा कि दीप जलाने के मुद्दे को राजनीतिक रंग दिया गया, जबकि यह लंबे समय से चली आ रही धार्मिक परंपरा से जुड़ा मामला है। कोर्ट ने कहा कि जिला प्रशासन को इस मामले को समुदायों के बीच संवाद और समन्वय के अवसर के रूप में देखना चाहिए था।

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चीफ इलेक्शन कमीश्नर बोले-तमिलनाडु में एक फेज में चुनाव होगा:इसपर आखिरी फैसला जल्द करेंगे, SIR के बाद राज्य में 5.67 करोड़ वोटर बचे

चीफ इलेक्शन कमिश्नर(CEC) ज्ञानेश कुमार ने तमिलनाडु विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चेन्नई में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कॉन्फ्रेंस ने शुक्रवार को कहा कि तमिलनाडु में एक फेज में ही चुनाव होगा। उन्होंने कहा कि इसपर आखिरी फैसला जल्द करेंगे। उन्होंने कहा कि हाल ही में राज्य में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन(SIR) के बाद वर्तमान में यहां 5 करोड़ 67 लाख वोटर हैं। पूरी खबर पढ़ें…

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19 को विक्रम नववर्ष, चैत्र नवरात्र आरंभ, 21 को गणगौर व्रत, 27 को महानवमी

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सूर्य 14 मार्च को रात 3:38 बजे से मीन राशि में रहेगा। वक्री बुध कुंभ राशि में 21 मार्च को रात 11:40 बजे मार्गी होगा। गुरु ग्रह 11 मार्च को शाम 4:36 बजे से मार्गी होगा। शुक्र 1 मार्च को रात 11:46 बजे मीन में और 25 मार्च को रात 3:53 बजे मेष में प्रवेश करेगा। गुरु तारा पूर्व दिशा में उदित होगा, जबकि शुक्र पश्चिम दिशा में उदित होगा। • 2 मार्च सोमवार : होलिका दहन • 3 मार्च मंगलवार : पूर्णिमा व्रत, धुलंडी • 4 मार्च बुधवार : गणगौर पूजन शुरुआत • 8 मार्च रविवार : रंगपंचमी • 11 मार्च बुधवार : शीतलाष्टमी, बासोड़ा • 15 मार्च रविवार : पापमोचिनी एकादशी • 19 मार्च गुरुवार : विक्रम नववर्ष, चैत्र नवरात्रारंभ, गुड़ी पड़वा • 20 मार्च शुक्रवा : सिंजारा दोज • 21 मार्च शनिवार : गणगौर व्रत • 26 मार्च गुरुवार : दुर्गाष्टमी व्रत, रामनवमी • 27 मार्च शुक्रवार : महानवमी मानसरोवर स्थित वीटी रोड मेला ग्राउंड पर जयपुर परिवार सेवा ट्रस्ट के बैनर तले 26 मार्च तक शिव पुराण कथा होगी। दोपहर 2:00 बजे से। 20 शुक्रवार गोरक्षा महायज्ञ दशहरा मैदान में गो सेवा समिति व समस्त आर्य समाज राजस्थान की ओर से 251 कुंडीय गो रक्षा महायज्ञ होगा। दोपहर 3:00 बजे से। रविवार शुभ मंगल कैलेंडर मार्च 2026 डाउनलोड करने के लिए इस QR कोड को स्कैन करें। 4 बुधवार श्री गौर पूर्णिमा महोत्सव गुप्त वृंदावन धाम, जगतपुरा में महोत्सव मनाया जाएगा। श्री चैतन्य महाप्रभु का दिव्य आविर्भाव का उत्सव होगा। शाम 6:00 बजे से। 3 मंगलवार ग्रहण काल विशेष दर्शन गोविंददेवजी मंदिर में ग्रहण काल के दौरान पट खुले रहेंगे। ग्रहण काल विशेष दर्शन होंगे। दोपहर 3:15 से 6:50 बजे तक। 2 सोमवार होली उत्सव गोविंददेवजी मंदिर में होली उत्सव और श्रीमन् कृष्ण चैतन्य महाप्रभु जी का 540वां जयंती उत्सव मनाया जाएगा। सुबह 10:45 बजे से। 15 रविवार सामूहिक संकीर्तन एकादशी पर गुप्त वृंदावन धाम में महाजप अभियान में 100 करोड़ नाम जप मैराथन व सामूहिक संकीर्तन होगा। सुबह 5:00 बजे से। 15 रविवार सामूहिक विवाह सिंधु वेलफेयर सोसायटी की ओर से रजत जयंती व सामूहिक विवाह में 25 जोड़ों का विवाह प्रताप नगर सांगानेर में होगा। सुबह 10:30 बजे से। 26 गुरुवार राम तारक यज्ञ गुप्त वृंदावन धाम में भगवान श्रीरामचंद्र जी का विशेष राम तारक यज्ञ, विशेष पूजा, कथा व भजन संध्या का आयोजन होगा। शाम 6:00 बजे से। 16 सोमवार विराट सिंधु मेला पूज्य सिंधी पंचायत समिति एवं श्री झूले लाल फाउंडेशन के तत्वावधान में एसएफएस सामुदायिक केन्द्र में मेला लगेगा। दोहपर 2:00 बजे से। 2 सोमवार होली-धुलंडी रंगोत्सव नागरिक विकास समिति ब्लॉक 265 सेक्टर 26 प्रताप नगर की ओर से श्री कृष्ण मैदान में सांस्कृतिक कार्यक्रम होगा। रात 9:00 बजे से। 1 रविवार गौ नंदी धाम में फागोत्सव टोंक रोड स्थित गौ नंदी धाम में ‘गाय हमारी माता है, हमको कुछ नहीं आता है’ फागोत्सव-2026 होगा। शाम 7:00 बजे से।

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चेन्नई6 मिनट पहले

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज तमिलनाडु और पुडुचेरी जाएंगे। वह तमिलनाडु में आठ नए बने रेलवे स्टेशनों का उद्घाटन करेंगे। इसी के साथ चेन्नई बीच चेन्नई एग्मोर चौथी लाइन देश को समर्पित करेंगे। इस मौके पर पीएम वहां इकट्ठा हुए लोगों को संबोधित भी करेंगे।

पीएम सुबह करीब 11.45 बजे पुडुचेरी में 2,700 करोड़ रुपये से ज़्यादा के अलग-अलग डेवलपमेंट प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन, राष्ट्र को समर्पित और आधारशिला रखेंगे। इसके बाद वह मदुरै में 4,400 करोड़ रुपये से ज़्यादा के इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का भी उद्घाटन करेंगे।

NH-332A के मरक्कनम-पुडुचेरी सेक्शन और NH-87 के परमकुडी-रामनाथपुरम सेक्शन की फोर-लेनिंग का दोपहर करीब 3 बजे आधारशिला रखेंगे। पीएम कुंभकोणम, येरकॉड और वेल्लोर में तीन नए आकाशवाणी FM रिले ट्रांसमीटर का उद्घाटन भी करेंगे।

तिरुप्परनकुंद्रम में अरुलमिगु सुब्रमण्यस्वामी मंदिर में पूजा करेंगे PM

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने कार्यक्रमों के बाद शाम करीब 4 बजे, मोदी तिरुप्परनकुंद्रम में अरुलमिगु सुब्रमण्यस्वामी मंदिर जाएंगे और पूजा करेंगे। ये मंदिर मदुरै से करीब 8 किमी दूर है।

पिछले साल दिसंबर तिरुप्परनकुंद्रम मंदिर में पहाड़ी पर दरगाह के पास दीपस्तंभ (दीपथून) पर दीप जलाने को लेकर विवाद में आया था मंदिर।

दीपम जलाने की जगह को लेकर विवाद

तमिलनाडु के मदुरै से 10 किमी दूर दक्षिण में तिरुप्परनकुंड्रम शहर है। इसे भगवान मुरुगन के 6 निवास स्थानों में से एक माना जाता है। यहां की तिरुप्परनकुंड्रम पहाड़ी पर सुब्रमण्य स्वामी मंदिर है, जो छठी शताब्दी का माना जाता है।

पहाड़ी की सबसे ऊंची चोटी पर दीपस्तंभ है। मान्यता है कि इतिहास काल से ही तमिल महीने कार्तिगई की पूर्णिमा तिथि (नवंबर-दिसंबर के दौरान) को कार्तिगई दीपम पर्व के दौरान स्तंभ पर दीपक जलाया जाता जाता रहा है। 17वीं शताब्दी में पहाड़ी पर सिकंदर बधूषा दरगाह का निर्माण कराया गया था।

दरगाह से दीपस्तंभ करीब 15 मीटर की दूरी पर है। दरगाह के निर्माण के बाद वहां पर दीपक जलाने को लेकर मंदिर प्रशासन और दरगाह के बीच विवाद शुरू हुआ था। दरगाह प्रबंधन दावा करता है कि लंबे समय से मंदिर के पास उचि पिल्लैयार मंडपम के पास दीप जलाने की प्रथा रही है।

प्रो. मय्यप्पन (अन्नामलाई यूविवर्सिटी) के 1984 के एक रिसर्च के अनुसार, दीपस्तंभ की स्थापना 16वीं से 18वीं शताब्दी के बीच नायकर काल में हुई थी। इससे यह स्पष्ट होता है कि मामला भूमि स्वामित्व का नहीं, बल्कि मंदिर प्रशासन और धार्मिक प्रथा का है।

6 जनवरी को हाईकोर्ट ने निचली अदलात का दीप जलाने का फैसला बरकरार रखा

तमिलनाडु के मद्रास हाईकोर्ट की मदुरै बेंच ने 6 जनवरी को तिरुप्परनकुंड्रम मंदिर में पहाड़ी पर दरगाह के पास दीपस्तंभ (दीपथून) पर दीप जलाने की इजाजत दे दी है। जस्टिस जी जयचंद्रन और जस्टिस केके रामकृष्णन की बेंच ने जस्टिस जी.आर. स्वामीनाथन के सिंगल बेंच का फैसला बरकरार रखा।

कोर्ट ने कहा कि दीप जलाने के मुद्दे को राजनीतिक रंग दिया गया, जबकि यह लंबे समय से चली आ रही धार्मिक परंपरा से जुड़ा मामला है। कोर्ट ने कहा कि जिला प्रशासन को इस मामले को समुदायों के बीच संवाद और समन्वय के अवसर के रूप में देखना चाहिए था।

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चीफ इलेक्शन कमीश्नर बोले-तमिलनाडु में एक फेज में चुनाव होगा:इसपर आखिरी फैसला जल्द करेंगे, SIR के बाद राज्य में 5.67 करोड़ वोटर बचे

चीफ इलेक्शन कमिश्नर(CEC) ज्ञानेश कुमार ने तमिलनाडु विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चेन्नई में प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कॉन्फ्रेंस ने शुक्रवार को कहा कि तमिलनाडु में एक फेज में ही चुनाव होगा। उन्होंने कहा कि इसपर आखिरी फैसला जल्द करेंगे। उन्होंने कहा कि हाल ही में राज्य में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन(SIR) के बाद वर्तमान में यहां 5 करोड़ 67 लाख वोटर हैं। पूरी खबर पढ़ें…

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गोशाला में 500 गायों का करेंगे संरक्षण, 20 हजार फल व पौधे लगाने का संकल्प

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जयपुर | गोलोक धाम चाकसू निमोड़िया में चल रहे सिद्धचक्र महामंडल विधान के पांचवें दिन शनिवार को भक्ति, श्रद्धा और जीव-दया का संगम देखने को मिला। तपोभूमि प्रणेता आचार्य प्रज्ञासागर मुनिराज के सान्निध्य में शांतिधारा का सौभाग्य तेजकरण, अक्षय चंदलाई वालों को मिला, जबकि गुरुदेव के पाद प्रक्षालन का सौभाग्य ललिता देवी, सुरेश एवं स्नेहलता बाकलीवाल को प्राप्त हुआ। विधानाचार्य पंडित श्रेयश जैन (पिंडरई) के निर्देशन और जैनम जैन (इंदौर) के भजनों के बीच श्रद्धालुओं ने मंडल पर 128 अर्घ्य समर्पित किए। धर्मसभा में आचार्य ने सिद्धचक्र विधान की महिमा बताते हुए राजा श्रीपाल और मैना सुंदरी की प्रेरक कथा सुनाई। पुण्यार्जक परिवार सोधर्म इंद्र पारसमल, अमित पवन बाकलीवाल की ओर से आयोजित कार्यक्रम में कोषाध्यक्ष रोहित जैन, कार्याध्यक्ष दीपक जैन और अरुण गोनेर सहित अन्य लोग मौजूद रहे। गोलोक धाम में गो और पर्यावरण संरक्षण को लेकर काम चल रहा है। समिति के अनुसार यहां 500 गायों के संरक्षण का लक्ष्य तय किया गया है। यहां गिर नस्ल की गायों के संवर्धन पर विशेष जोर रहेगा। परिसर और आसपास 20 हजार छायादार व फलदार पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है।

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शक्ति प्रदर्शन; युवा सम्मेलन में श्रम कोड और वेतन मुद्दों पर आर-पार की चेतावनी

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नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे एम्प्लॉइज यूनियन के जयपुर मंडल का युवा सम्मेलन गणपति नगर स्थित अरावली क्लब में हुआ। मजदूर आंदोलन के प्रणेता उमरावमल पुरोहित की पुण्यतिथि पर आयोजित सम्मेलन में युवाओं ने श्रमिक अधिकारों, वेतन विसंगतियों और पदोन्नति संबंधी मांगों को लेकर एकजुटता का प्रदर्शन किया। सम्मेलन से पहले निकाली गई विशाल रैली ने संगठन की ताकत का संदेश दिया। इस सम्मेलन का उद्घाटन ऑल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन के महामंत्री शिवगोपाल मिश्रा ने किया। मंडल मंत्री राकेश यादव ने सम्मेलन की रूपरेखा रखी, जबकि अध्यक्षता के.एस. अहलावत ने की। जयपुर मंडल की सभी शाखाओं से बड़ी संख्या में रेल कर्मचारियों की मौजूदगी ने साफ संकेत दिया कि आने वाले समय में यूनियन श्रमिक हितों के मुद्दों पर आंदोलन को और कड़ा कर सकती है। इस दौरान एजीएस राजीव सारण, मीना सक्सेना, प्रेम नारायण, पारुल माथुर, गोपाल चौधरी, नरेन्द्र चाहर, राजेश वर्मा, अनूप शर्मा, सुरेश ढाका, देशराज सिंह, लोकेश मीना व हीरालाल सहित अन्य मंडल पदाधिकारी और रेलकर्मी मौजूद रहे।

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मोदी 32 मिनट बोले- महिला, किसान-युवा सबकी बात की

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प्रधानमंत्री की सभा के दौरान मंच पर बाएं से मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर, डॉ. किरोड़ीलाल मीणा, डिप्टी सीएम दिया कुमारी, केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी, राज्यपाल हरिभाऊ बागडे, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, डिप्टी सीएम डॉ. प्रेमचंद बैरवा, सांसद व भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़, पूर्व सीएम वसुंधरा राजे व मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़। किसानों की बात प्रधानमंत्री ने राजस्थान को विभिन्न जल योजनाओं से जोड़ने का जिक्र किया। इस जिक्र के जरिए पीएम मोदी ने कांग्रेस पर सवाल उठाए और केंद्र की योजनाओं की जानकारी देकर किसानों को साधने का प्रयास किया। उन्होंने संशोधित पार्वती-काली सिंध-चंबल लिंक परियोजना, यमुना राजस्थान लिंक प्रोजेक्ट सहित अन्य सिंचाई परियोजनाओं का लाभ किसानों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्धता दर्शाई। पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने 32 मिनट के भाषण में महिलाओं, किसानों, युवाओं सहित हर वर्ग को शामिल करते हुए राजस्थान में ईआरसीपी से लेकर वन रैंक-वन पेंशन और पीएम सूर्य घर योजना तक का उल्लेख करते हुए सभी को साधने की कोशिश की। पीएम ने 21,800 युवाओं को नियुक्ति पत्र बांटे। राजे को बहन कह संबोधित किया प्रधानमंत्री ने भजनलाल शर्मा को लोकप्रिय मुख्यमंत्री, पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे को बहन कहकर संबोधित किया। प्रधानमंत्री ने राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े, केन्द्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी, उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी, प्रेमचंद बैरवा, संसद में मेरे साथी भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ तथा अन्य मंत्रियों का जिक्र किया। सभा में शामिल हुए संतों का आशीर्वाद लिया। वन रैंक वन पेंशन वन रैंक वन पेंशन के जरिए कांग्रेस पर निशाना साधा, कहा कांग्रेस ने सेना को वर्दी और हथियारों के लिए भी तरसा दिया था। वन रैंक वन पेंशन का मुद्दा राजस्थान के झुंझुनूं से ही उठा था। सेना को सर्वाधिक युवा देने वाले राज्यों में राजस्थान भी शामिल हैं। पेपर लीक और रोजगार की बात प्रधानमंत्री ने युवाओं को साधने के लिए रोजगार की बात की। नियुक्ति पत्र भी बांटे। साथ ही पेपर लीक के जरिए कांग्रेस सरकार की नाकामियों को गिनाया। साथ ही भाजपा सरकार के दो वर्षों में हुई परीक्षाएं बगैर लीक हुए कराने का भी संदेश युवा वर्ग को दिया। रूफ टॉप सोलर प्लांट पीएम सूर्य घर योजना के जरिये मध्यमवर्गीय परिवारों को बिजली बिल से राहत मिलने का संदेश दिया। इससे घर बैठे बिजली से कमाई और सरकार की ओर से मिलने वाली सब्सिडी का भी जिक्र किया गया। योजना का स्टेटस देश भर में फरवरी 2026 तक करीब 35 लाख और राजस्थान में करीब 1.48 लाख सोलर इंस्टॉलेशन हो चुके हैं।

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Now only the GM of the District Industries Center will be able to give approval

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जयपुर1 घंटे पहले

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राज्य सरकार की एक जिला एक उत्पाद नीति-2024 और राजस्थान एमएसएमई नीति -2024 के तहत स्वीकृति प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया गया है।अब इन दोनों योजनाओं के तहत आने वाले आवेदनों की जांच और स्वीकृति जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्रों के जीएम ही कर सकेंगे। इस बदलाव से आवेदन के निस्तारण में तेजी आएगी, जिससे ज्यादा लोगों को लाभ मिल सकेगा।

पूर्व में इन योजनाओं के तहत आने वाले आवेदनों की जांच और स्वीकृति के लिए जिला स्तरीय टास्क फोर्स समिति कार्य करती थी, लेकिन अब इसको विलोपित कर दिया गया है। उससे जुड़े सभी अधिकार महाप्रबंधकों को दे दिए गए हैं। इसलिए अब एक निश्चित समयांतराल पर होने वाली बैठक का इंतजार किए बिना ही सामान्य प्रक्रिया के तहत आवेदनों पर एक्शन लिया जा सकेगा। बजट पर चर्चा के दौरान ऐसी घोषणा की गई थी। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग ने इसकी अधिसूचनाएं जारी कर दी हैं।

योजनाओं में यह भी महत्वपूर्ण

  • ओडीओपी नीति-2024, राजस्थान निर्यात प्रोत्साहन नीति-2024 और राजस्थान एमएसएमई नीति-2024 के लिए एक फरवरी से आवेदन की प्रक्रिया ऑनलाइन कर दी गई है। एसएसओ आईडी या ईमित्र से आवेदन किए जा सकते हैं।
  • सभी 41 जिलों में एक-एक उत्पाद की पहचान की गई है। इसके तहत सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों को 20 लाख रुपए तक की मार्जिन मनी अनुदान दिया जाता है।
  • एडवांस्ड टेक्नोलॉजी और सॉफ्टवेयर पर 5 लाख रुपए तक अनुदान, क्वालिटी सर्टिफिकेशन और आईपीआर पर 3 लाख रुपए तक पुनर्भरण।
  • मार्केटिंग के लिए 2 लाख तक सहायता, ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म फीस पर 1 लाख प्रतिवर्ष का 2 साल तक पुनर्भरण और कैटलॉगिंग और ई-कॉमर्स वेबसाइट विकास के लिए 75 हजार तक एकमुश्त सहायता का प्रावधान।
  • एसएमई एक्सचेंज से धन जुटाने पर 15 लाख तक की सहायता।

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Gold is priced at Rs 1.72 lakh per 10 grams, silver at Rs 2.95 lakh per kg.

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जयपुर55 मिनट पहले

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ईरान-इजरायल के बीच युद्ध शुरू होने के मद्देनजर शनिवार को जयपुर में एक दिन में सोना 8,500 रुपए प्रति दस ग्राम और चांदी 20,000 रुपए प्रति किलोग्राम महंगी हो गई। हालांकि, सर्राफा ट्रेडर्स कमेटी, जयपुर ने सुबह सोने का भाव 1,66,500 तथा चांदी का 2.84 लाख रुपए खोला था। लेकिन, जैसे ही ईरान पर इजरायल द्वारा मिसाइल हमले की खबर आई, सोने की कीमत बढ़ाकर 1.72 लाख रुपए प्रति दस ग्राम और चांदी की 2.95 लाख रुपए प्रति किलोग्राम कर दी गई।

काबिलेगौर है कि 30 दिन बाद सोना 1.72 लाख और 29 दिन बाद चांदी 2.95 लाख रुपए के भाव बिकी। इससे पहले 30 जनवरी को सोना 1.75 लाख रुपए प्रति दस ग्राम और चांदी 3.15 लाख रुपए प्रति किलोग्राम थी। इसके बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में गिरावट के मद्देनजर 2 फरवरी को सोना 1.50 लाख रुपए तथा चांदी 2.41 लाख रुपए तक उतर गई थी। हालांकि, इसके बाद कीमतों में तेजी का रुख बना। इससे 26 दिन के दौरान सोना 22,000 रुपए प्रति दस ग्राम यानी 14.66 फीसदी और चांदी 54,000 रुपए प्रति किलोग्राम यानी 22.41 फीसदी महंगी हो चुकी है।

उधर, सर्राफा ट्रेडर्स कमेटी के अध्यक्ष कैलाश मित्तल का कहना है कि ईरान-इजरायल के बीच युद्ध के मद्देनजर शनिवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार के हाजिर बाजार में सोना-चांदी की कीमतों में उछाल देखा गया। इस कारण जयपुर में भी कीमतें बढ़ गईं।

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राजस्थान में होली-धुलंडी पर गर्मी और बढ़ेगी:बाड़मेर के बाद अब फतेहपुर में पारा 35 डिग्री पार; जानिए- पूरे हफ़्ते कैसा रहेगा मौसम

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राजस्थान में समय से पहले गर्मी की दस्तक ने लोगों के पसीने छुटा दिए। शनिवार को प्रदेश के अधिकांश शहरों में दिनभर आसमान साफ रहा और तेज धूप रही। बाड़मेर के बाद फतेहपुर ऐसा शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस पर दर्ज हुआ। श्रीगंगानगर, पिलानी, बीकानेर में अधिकतम तापमान सामान्य से 6 डिग्री ऊपर दर्ज हुआ। मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर ने राज्य में अगले 2 दिन मौसम में कोई विशेष बदलाव नहीं होने, जबकि होली, धुलंडी पर तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक और बढ़ोतरी होने की संभावना जताते हुए तेज गर्मी रहने का अनुमान जताया है। पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा गर्मी सीकर के पास फतेहपुर में रही, जहां का अधिकतम तापमान 35.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। बाड़मेर में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। दोपहर के बाद चूरू, जयपुर, अलवर के एरिया में कहीं-कहीं हल्के बादल छाए और इन शहरों में हल्की उमस भी रही। जयपुर, बाड़मेर में रात में भी हल्की गर्मी राजधानी जयपुर, बाड़मेर, फलोदी में शनिवार रात में भी हल्की गर्मी महसूस हुई। इन शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज हुआ। फलोदी में न्यूनतम तापमान 21.2 डिग्री सेल्सियस, बाड़मेर में 21.4, जयपुर में 20 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। मार्च के पहले सप्ताह में तेज गर्मी का अनुमान मौसम विभाग ने राज्य में मार्च के महीने में तेज गर्मी का अनुमान जताया है। संभावना है कि मार्च के तीसरे सप्ताह से कई शहरों में हीटवेव का भी दौर शुरू हो सकता है। वहीं मार्च के पहले सप्ताह में तेज गर्मी पड़ने की भी संभावना है। इस दौरान अधिकांश शहरों का तापमान 31 से 37 डिग्री सेल्सियस तक रहने की संभावना है।

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होलिका दहन कल:प्रदोष काल सायं 6:43 बजे से रात्रि 9:17 बजे तक होलिका दहन के लिए श्रेष्ठ मुहूर्त

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होली के त्योहार को लेकर तैयारियों के साथ ही चंग की थाप पर होली गीत सुनाई देने लगे हैं। बाजार में रंग-गुलाल की दुकानों पर रंग व पिचकारी सजने लगी। इस बीच होलिका दहन व धुलंडी पर्व को लेकर असमंजस बना हुआ है। ज्योतिषी पं. सतीराम गौड़ व सुनील जोशी ने बताया कि निर्णय सागर पंचांग के अनुसार 2 मार्च सायं 5.56 बजे पूर्णिमा शुरू होगी, जो अगले दिन 3 मार्च को सांय 5.08 बजे तक रहेगी। ऐसे में होलिका दहन भी 2 मार्च को प्रदोष काल में सांय 6.43 बजे से रात्रि 9.17 बजे तक श्रेष्ठ हैं। पं. गौड़ ने बताया कि भद्रा के सम्बन्ध में शास्त्रों में लिखा गया है कि यदि भद्रा निशीथकाल (मध्य रात्रि) के बाद तक रहे, प्रदोष के समय भद्रा का मुख छोड़कर होलिका का दहन किया जा सकता है। इस वर्ष प्रदोष में भद्रा का मुख नहीं होने से प्रदोष वेला में होलिका दहन करना शास्त्र सम्मत है। धुलंडी के दिन पड़ने वाला यह खग्रास-ग्रस्तोदित चंद्रग्रहण संपूर्ण भारत में ग्रस्तोदित रूप में दृश्य होगा। वहीं ये ग्रहण बाड़मेर-जैसलमेर सहित पश्चिमी गुजरात में मांद्य रूप में दृश्य होने से इन क्षेत्रों में सूतक नियम नहीं लगने से 3 मार्च को धुलंडी मनाई जाएगी। बाड़मेर-जैसलमेर जिले में नहीं रहेगा असर ज्योतिषी पं. सतीराम गौड़ ने बताया कि ग्रहण का सूतक 3 मार्च प्रातः 6.20 से सायं 6.47 बजे तक रहेगा। चंद्रग्रहण का विरल छाया में प्रभाव दोपहर 2.14 बजे से शुरू होकर, ग्रहण का स्पर्श दोपहर 3.20 बजे, मोक्ष सांय 6.47 बजे होगा। लेकिन यह ग्रहण बाड़मेर, जैसलमेर मध्य एवं पश्चिमी गुजरात में मांद्य रूप में दृश्य होगा, अतः इन क्षेत्रों में ग्रहण सम्बन्धित वेध, सूतक, स्नान, दान, पुण्य, कर्म, यम, नियम आदि लागू नहीं होंगे। इस बार खग्रास/ग्रस्तोदित रूप में चन्द्रग्रहण ग्रहण की खगोलीय स्थिति खण्डग्रास एवं खग्रास दो प्रकार से बनते हैं। जब पृथ्वी, सूर्य व चन्द्रमा के बीच में आ जाती हैं तथा पृथ्वी चन्द्रमा के किसी हिस्से को ढकती है तो खण्डग्रास चन्द्रग्रहण होता है। यदि पृथ्वी चन्द्रमा को पूरा ढक लेती है तो खग्रास चन्द्रग्रहण होता है, ऐसे में इस बार ग्रस्तोदित चन्द्रग्रहण हैं, इसमें चन्द्रमा पहले से ही पृथ्वी की छाया में होकर उदित होता है, जिससे वह क्षितिज पर उदय होते समय ही ग्रहणग्रस्त, मलिन या लाल दिखाई देता है।

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