Demand for presentation of ED chargesheet in SI recruitment case | एसआई-भर्ती मामले में ईडी की चार्जशीट पेश करने की मांग: हाईकोर्ट में याचिकाकर्ताओं ने लगाया प्रार्थना पत्र, कहा-ईडी की चार्जशीट में कई खुलासे – Jaipur News
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एसआई (सब इंस्पेक्टर) भर्ती-2021 मामले के याचिकाकर्ताओं ने आरपीएससी के पूर्व सदस्य बाबूलाल कटारा और अन्य आरोपियों के खिलाफ दायर ईडी की चार्जशीट को रिकोर्ड पर लेने के लिए हाईकोर्ट में प्रार्थना पत्र दायर किया हैं।
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बता दे कि एसआई भर्ती रद्द करने और आरपीएससी के सदस्यों के खिलाफ की गई एकलपीठ की टिप्पणियों के खिलाफ दायर अपीलों पर हाईकोर्ट की खंडपीठ सुनवाई कर रही हैं। ऐसे में एकलपीठ के याचिकाकर्ताओं ने खंडपीठ के समक्ष प्रार्थना पत्र दायर करके कहा कि ग्रेड सेकेंड टीचर भर्ती-2022 में पेश ईडी की चार्जशीट में पेपरलीक और आरपीएससी सदस्यों की कार्यशैली को लेकर कई खुलासे हुए हैं।
इसलिए खंडपीठ ईडी को निर्देश दे कि वे दायर चार्जशीट हाईकोर्ट के समक्ष रखे।
कटारा ने माना 1.20 करोड़ की चार्जशीट से बना सदस्य अधिवक्ता हरेन्द्र नील ने बताया कि मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार बाबूलाल कटारा ने ईडी की पूछताछ में कबूल किया है कि वह 1.20 करोड़ की डील से आरपीएससी सदस्य बना था। इसके लिए उसने कांग्रेस के तत्कालीन जिलाध्यक्ष दिनेश खोड़निया को 40 लाख रुपए भी दिए हैं।
उन्होने कहा कि ईडी ने चार्जशीट में खुलासा किया है कि आरपीएससी के सदस्य किस तरह से सिफारिश के आधार पर इंटरव्यू में सिफारिशी अभ्यर्थी को फायदा पहुंचाते थे। एसआई भर्ती पेपरलीक में भी इन्हीं आरपीएससी सदस्यों की भूमिका संदिग्ध पाई गई हैं।
ऐसे में ईडी की चार्जशीट को रिकोर्ड पर लिया जाए।
सरकार ने कहा-पूरी भर्ती रद्द नहीं की जानी चाहिए आज हाईकोर्ट की खंडपीठ में सरकार, चयनित अभ्यर्थियों और आरपीएससी के पूर्व सदस्यों की ओर से दायर अपीलों पर सुनवाई अधूरी रही। आज सरकार की ओर से बहस की शुरुआत करते हुए महाधिवक्ता राजेन्द्र प्रसाद ने कहा कि एकलपीठ में दायर याचिका मेंटनेबल ही नहीं थी।
लेकिन एकलपीठ ने इसे दरकिनार करते हुए मैरिट पर सुनवाई करते हुए भर्ती को रद्द करने का फैसला सुनाया। उन्होने कहा कि जांच एजेंसी पेपरलीक में सही और गलत की छंटनी करने में सक्षम है। लेकिन उसके बाद भी एकलपीठ ने पूरी भर्ती को रद्द कर दिया।
आज सरकार की ओर से बहस अधूरी रही, बुधवार को इस मामले में एक बार फिर सरकार की बहस के साथ सुनवाई शुरू होगी।

