भीलवाड़ा UIT रियायती प्लॉट आवंटन मामला:डिवीजन बेंच का अंतिम निर्णय नहीं आने तक प्रक्रिया पर रोक




राजस्थान उच्च न्यायालय की जोधपुर पीठ ने यूआईटी भीलवाड़ा द्वारा किए जा रहे प्लॉट आवंटन से जुड़े मामले में महत्वपूर्ण अंतरिम आदेश पारित करते हुए आवंटन प्रक्रिया पर फिलहाल रोक बरकरार रखी है। हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि विवादित भूखंडों का अंतिम आवंटन नहीं किया जाएगा और पूरा मामला पहले से डिवीजन बेंच में लंबित प्रकरण के अंतिम निर्णय पर निर्भर रहेगा। यूआईटी को नोटिस जारी, चार सप्ताह में देना होगा जवाब मामले की पैरवी एडवोकेट जितेंद्र सिंह गौड़ एवं भैरूलाल जाट ने करते हुए बताया कि यह आदेश एस.बी. सिविल रिट याचिका संख्या 21498/2025, हिमांशु शुक्ला बनाम राज्य सरकार में सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति कुलदीप माथुर की एकलपीठ ने जारी किया। उच्च न्यायालय ने रिट याचिका एवं स्थगन प्रार्थना पत्र पर प्रतिवादियों को नोटिस जारी करते हुए 4 सप्ताह में जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। मामले में याचिकाकर्ता हिमांशु शुक्ला को भी यूआईटी द्वारा किए जा रहे प्लॉट आवंटन पर अंतरिम राहत (स्टे) प्रदान की गई है। पहले से लंबित है समान मामला सुनवाई के दौरान उच्च न्यायालय के समक्ष यह तथ्य रखा गया कि इसी प्रकार के प्लॉट आवंटन से जुड़ा एक अन्य मामला डी.बी. सिविल रिट याचिका संख्या 21943/2025 डिवीजन बेंच में विचाराधीन है। उस प्रकरण में डिवीजन बेंच पहले ही यूआईटी भीलवाड़ा को विवादित प्लॉटों का अंतिम आवंटन करने से रोक चुका है। उच्च न्यायालय ने संकेत दिया कि जब तक डिवीजन बेंच इस मुद्दे पर अंतिम निर्णय नहीं देती, तब तक प्लॉट आवंटन प्रक्रिया पर अंतिम मुहर नहीं लगाई जा सकेगी।



Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *